तिरुवनंतपुरम में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भारतीय जनता पार्टी के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा कि चुनावी घोषणापत्र अब केवल एक औपचारिक दस्तावेज नहीं रह गए हैं। आजकल ये सरकार की सक्रियता और जवाबदेही का प्रतीक बन गए हैं। नड्डा ने अपने संबोधन में कहा कि पहले जनता चुनाव के दौरान दिए गए वादों को भूल जाती थी। दो से तीन साल बाद चुनाव आते थे तो एक ही घोषणापत्र फिर से प्रस्तुत कर दिया जाता था। लेकिन वर्तमान समय में स्थिति पूरी तरह बदल गई है। पूर्व भाजपा प्रमुख के अनुसार, आधुनिक युग में घोषणापत्र केवल चुनाव के दौरान बनाए जाने वाले दस्तावेज नहीं रह गए हैं। इन्हें एक बेहतर और अधिक जवाबदेह सरकार बनाने का माध्यम माना जा रहा है। नड्डा ने यह भी कहा कि सरकार को अपने घोषणापत्र में दिए गए प्रत्येक वादे को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध रहना चाहिए। उन्होंने केरल की जनता से अपील की कि वह ऐसी सरकार चुनें जो अपने वादों को पूरा करने में सच्ची हो। नड्डा के अनुसार, भाजपा का घोषणापत्र सिर्फ कागजों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह जनता के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने का एक माध्यम है। इस अवसर पर नड्डा ने भाजपा की नीतियों और उपलब्धियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि भाजपा के नेतृत्व में जो सरकारें बनी हैं, वह अपने घोषणापत्र को लागू करने में सफल रही हैं। इससे जनता को विश्वास मिला है कि चुनावी वादे केवल बातें नहीं होती हैं, बल्कि वास्तविक कार्यों में रूपांतरित होती हैं। नड्डा ने यह भी जोर दिया कि एक लोकतांत्रिक समाज में चुनावी घोषणापत्र का महत्व बहुत ज्यादा होता है। ये दस्तावेज चुनाव के दौरान पारदर्शिता और जवाबदेही को सुनिश्चित करते हैं। इसलिए, सभी राजनीतिक दलों को अपने घोषणापत्र में दिए गए वादों को गंभीरता से लेना चाहिए। केरल में भाजपा की उपस्थिति को मजबूत करने के लिए नड्डा ने कार्यकर्ताओं को प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि भाजपा के विचार और नीतियां केरल की जनता के विकास के लिए महत्वपूर्ण हैं। इसलिए, पार्टी को केरल में अपनी जड़ें मजबूत करनी चाहिए और जनता के बीच अपनी विश्वसनीयता बनाई रखनी चाहिए। अंत में, नड्डा ने कहा कि भविष्य में चुनावी घोषणापत्र सरकार की जवाबदेही का एक और भी महत्वपूर्ण माध्यम बनेंगे। इससे सरकारें अपने कामकाज में ज्यादा पारदर्शी और ईमानदार होंगी। यह परिवर्तन भारतीय राजनीति के लिए सकारात्मक होगा और लोकतंत्र को मजबूत करेगा। Post navigation LPG संकट के बीच IPL ने दिया बारों और रेस्तरांओं को राहत लोकसभा सीटें बढ़ाने की योजना ‘भ्रम का हथियार’: कांग्रेस